
टनकपुर (चम्पावत)। सात दिवसीय सरस मेले के सफल समापन के बाद जहाँ एक ओर मेले की रंगीन यादें लोगों के दिलों में ताज़ा हैं, वहीं दूसरी ओर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सराहनीय पहल ने सबका ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया। माँ पूर्णागिरी पर्यावरण संरक्षण समिति ने मेले के उपरांत व्यापक सफाई अभियान चलाते हुए पॉलीथिन एकत्र करने की विशेष मुहिम शुरू की।
समिति की अध्यक्ष दीपा देवी के नेतृत्व में पदाधिकारियों और सदस्यों ने मेले स्थल एवं आसपास के क्षेत्रों में फैली पॉलीथिन और अन्य प्लास्टिक कचरे को एकत्र कर स्वच्छता का संदेश दिया। इस दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि सरस मेले के सफल आयोजन में जिला प्रशासन के साथ आमजन, व्यापारियों और विभिन्न संगठनों ने पूरा सहयोग दिया, अब पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने की हम सब की बारी है।
अध्यक्ष दीपा देवी ने कहा कि पॉलीथिन उन्मूलन केवल अभियान भर नहीं, बल्कि जन-जागरूकता का विषय है। यदि हर नागरिक संकल्प ले ले तो क्षेत्र को प्लास्टिक मुक्त बनाया जा सकता है। समिति द्वारा धरातल पर किए जा रहे इस प्रयास की स्थानीय लोगों ने खुलकर सराहना की और इसे प्रेरणादायक पहल बताया।
सफाई अभियान की पूर्णाहुति के बाद समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएँ दीं। मिष्ठान वितरण के साथ वातावरण में भाईचारे और उत्साह का रंग घुल गया। इस अवसर पर दीपा देवी ने देश-प्रदेशवासियों को रंगों और सद्भाव के पर्व होली की हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए पर्यावरण संरक्षण का संकल्प दोहराने का आह्वान किया।
एक ही दिन में सफाई अभियान, पॉलीथिन उन्मूलन और होली मिलन का आयोजन कर समिति ने यह संदेश दिया कि उत्सव और उत्तरदायित्व साथ-साथ चल सकते हैं। पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में समिति द्वारा किया जा रहा यह कार्य जिले में एक सकारात्मक उदाहरण के रूप में देखा जा रहा है।
इस दौरान निकिता भार्गव, गीता देवी, गुड्डू, अन्नू, महेश आर्या , रमेश कुमार, सुधीर, केशव, देवेन्द्र, मुकेश पाल, कौशल्या देवी, कुंती, सुरेश सहित अन्य पदाधिकारी व सदस्य मौजूद रहे।


