‘बनबसा (चम्पावत)। 57वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल (SSB), सितारगंज द्वारा नागरिक कल्याण कार्यक्रम के अंतर्गत भारत–नेपाल सीमा से सटे सीमावर्ती ग्राम नई बस्ती, सीमा चौकी धनुषपूल में बुधवार को निःशुल्क चिकित्सा शिविर एवं राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ की 150वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में राष्ट्रगीत गायन कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
यह कार्यक्रम वाहिनी के कमांडेंट मनोहर लाल के निर्देशन में संपन्न हुआ, जबकि चिकित्सा शिविर का संचालन डॉ. आहुति सिंह, उप कमांडेंट (चिकित्सा) द्वारा किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं राष्ट्रीय महत्व पर प्रकाश डालते हुए की गई। डॉ. आहुति सिंह ने उपस्थित ग्रामीणों को सरल शब्दों में बताया कि ‘वंदे मातरम्’ केवल एक गीत नहीं, बल्कि भारत की आत्मा, एकता और स्वतंत्रता संग्राम की चेतना का प्रतीक है।
इसके पश्चात SSB के जवानों एवं ग्रामीणों ने देशभक्ति से ओतप्रोत वातावरण में समवेत स्वर में ‘वंदे मातरम्’ का सामूहिक गायन किया।
चिकित्सा शिविर के दौरान कुल 80 ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। उन्हें वायरल संक्रमण, मौसमी बीमारियों, तीव्र बुखार एवं दीर्घकालिक रोगों से संबंधित चिकित्सीय परामर्श प्रदान किया गया तथा आवश्यक दवाइयाँ निःशुल्क वितरित की गईं।
डॉ. आहुति सिंह ने वर्तमान मौसम में होने वाली बीमारियों से बचाव के उपाय बताते हुए संतुलित आहार, स्वच्छता, नियमित शारीरिक गतिविधि एवं योग को दैनिक जीवन में अपनाने की सलाह दी।कार्यक्रम में संतोष कुमार (सहायक कमांडेंट), सहायक उप निरीक्षक मकान सिंह, सुनील कुमार यादव, प्रदीप कुमार सहित SSB के अनेक अधिकारी व कार्मिक उपस्थित रहे।
वहीं उपस्थित ग्रामीणों ने सशस्त्र सीमा बल की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में ऐसे कार्यक्रम अत्यंत उपयोगी हैं, क्योंकि यहां चिकित्सा एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं सीमित हैं।


