
टनकपुर (चम्पावत) । नगर में सावन उत्सव पर्व धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की धर्मपत्नी गीता धामी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। उन्होंने महिलाओं के साथ सावन के पारंपरिक उत्सव का आनंद लिया और झूले पर झूलकर कार्यक्रम की रौनक बढ़ाई।कार्यक्रम से पूर्व गीता धामी ने राजकीय महाविद्यालय टनकपुर परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। पेड़-पौधों का संरक्षण और अधिक से अधिक पौधरोपण कर ही हम आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित कर सकते हैं।इसके बाद सावन उत्सव में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की। कार्यक्रम में विभिन्न रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम, सावन गीत और पारंपरिक प्रस्तुतियां पेश की गईं। महिलाओं ने झूला झूलने सहित सावन के पारंपरिक आयोजनों का जमकर आनंद लिया।इस अवसर पर सेवा संकल्प फाउंडेशन के माध्यम से महिलाओं को पौधे वितरित किए गए। पौधे प्राप्त करने वाली महिलाओं ने इनके संरक्षण का संकल्प लेते हुए हरित उत्तराखंड और स्वच्छ पर्यावरण के निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने की बात कही।गीता धामी ने महिलाओं को संबोधित करते हुए पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पहचान उसकी प्राकृतिक सुंदरता और समृद्ध वन संपदा से है। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को प्रकृति के संरक्षण के लिए आगे आना चाहिए।उन्होंने प्रदेश सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी एवं विकासपरक योजनाओं और उपलब्धियों की भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश के विकास के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण, महिला सशक्तिकरण और जनकल्याण को प्राथमिकता देते हुए निरंतर कार्य कर रही है।सावन उत्सव में बड़ी संख्या में महिलाएं एवं स्थानीय लोग मौजूद रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान सावन की उमंग, पारंपरिक संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देखने को मिला। कार्यक्रम के दौरान स्वयं सहायता समूह की महिलाओं, शिक्षिकाओं, आँगनबाड़ी कार्यकर्तियों, आशा कार्यकर्तियों, आपातकालीन सेवा में चिकित्सा टेक्नीशियन के रूप में कार्यरत महिलाओं तथा क्षेत्र की प्रथम टुकटुक संचालिका आदि 10 कर्मठ बहनों को ‘नंदा शिखर सम्मान’ से सम्मानित किया गया। उन्होंने सम्मानित महिलाओं को बधाई देते हुए कहा कि यह पुरस्कार उनकी साधना और संघर्ष का प्रतीक है, जो समृद्ध उत्तराखंड के निर्माण की सबसे मजबूत नींव है। अंत में उन्होंने सभी से मिलकर एक ऐसे उत्तराखंड के निर्माण का आह्वान किया जहाँ हर नारी स्वाभिमान के साथ प्रगति के पथ पर आगे बढ़े।इस दौरान राज्य दर्जा मंत्री हेमा जोशी, किरन देवी,ब्लॉक प्रमुख अंचला बोहरा, जिलाध्यक्ष महिला मोर्चा दीपा जोशी, अध्यक्ष नगर पंचायत बनबसा रेखा देवी, उपाध्यक्ष जिला पंचायत पुष्पा विश्वकर्मा, सुनीता मुरारी, मण्डल अध्यक्ष तुलसी कुंवर, जिला पंचायत सदस्य बनबसा सरोज चन्द, अनीता यादव, रूचि धस्माना, रुकमणी उनियाल, बबीता गोस्वामी, मुन्नी देवी सफाई आयोग, गीता देवी, हंसा जोशी, विद्या जुकरिया, निशा वर्मा, रीता कलखुड़िया उर्मिला चन्द सहित तमाम महिलाये मौजूद रही ।


